झारखंड कैबिनेट की बैठक में 30 प्रस्तावों पर लगी मुहर, 18 फरवरी से विधानसभा का बजट सत्र शुरू
Saturday, Jan 10, 2026-11:51 AM (IST)
Ranchi News: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई झारखंड कैबिनेट की बैठक में कुल 30 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट की प्रमुख घोषणाओं में पलामू में आरओबी के लिए 114 करोड़ रुपये को मंजूरी दी गयी है। वहीं, झारखंड विधानसभा का बजट सत्र 18 फरवरी से 19 मार्च तक चलेगा। बोकारो के जैनामोड से फुसरो पथ के लिए 157 करोड़ की मंजूरी मिली है। गोड्डा के सैदापुर बियर योजना के लिए भी राशि को मंजूरी मिली है।
कैबिनेट के फैसलों के अनुसार, झारखंड विधि आयोग के कार्यकाल को विस्तार दिया गया है। बैठक के बाद कैबिनेट सचिव वंदना दादेल ने पत्रकारों को फैसलों की विस्तृत जानकारी दी। ये निर्णय शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और विधायी प्रक्रियाओं से जुड़े हैं, जो राज्य के विकास और जनकल्याण पर केंद्रित हैं। कैबिनेट ने झारखंड राज्य विधि आयोग की कार्यावधि को बढ़ाकर 13 नवंबर 2027 तक करने की स्वीकृति दी। इससे आयोग को कानूनी सुधारों और सिफारिशों पर निरंतर कार्य करने का अवसर मिलेगा। जमशेदपुर महिला महाविद्यालय में शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक पदों के पुनर्गठन को मंजूरी दी गई। इससे कॉलेज में शिक्षा की गुणवत्ता और प्रशासनिक व्यवस्था और सुदृढ़ होगी। मिशन शक्ति के तहत ‘नारी अदालत' योजना को हरी झंडी दी गई। इसके अंतर्गत ग्राम पंचायत स्तर पर छोटे-मोटे अपराधों और विवादों की सुनवाई महिला समूहों द्वारा की जाएगी। इसकी शुरुआत रांची सहित 10 जिलों की 10 पंचायतों में होगी। यह योजना महिलाओं को न्याय के करीब लाने और स्थानीय स्तर पर सुलह-समझौते को बढ़ावा देने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है।
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए बजट सत्र 18 फरवरी से 19 मार्च 2026 तक आहूत करने की स्वीकृति दी गई। इसी दौरान राज्य का वार्षिक बजट पेश किया जाएगा। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए द्वितीय अनुपूरक व्यय की घटनोत्तर स्वीकृति प्रदान की गई, जिससे विभिन्न योजनाओं और परियोजनाओं के लिए अतिरिक्त राशि उपलब्ध हो सकेगी। राज्य स्वास्थ्य बीमा योजना में महत्वपूर्ण संशोधन को मंजूरी दी गई। अब लाभार्थियों को पांच लाख रुपये तक अग्रिम राशि मिल सकेगी। साथ ही विधानसभा कर्मियों के लिए यह योजना वैकल्पिक (ऐच्छिक) कर दी गई है। कैबिनेट सचिव वंदना दादेल ने बताया कि ये फैसले राज्य सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों का हिस्सा हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सभी स्वीकृत प्रस्तावों को शीघ्र लागू किया जाए। बैठक में विकास, शिक्षा और महिला सशक्तिकरण पर विशेष जोर दिया गया, जिसे झारखंड के सर्वांगीण विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

