VIP नंबरों का 'क्रेज'...2 महीने में 6 करोड़ की कमाई, यहां के लोग लुटा रहे हैं सबसे ज्यादा पैसा!

Saturday, Feb 14, 2026-07:01 PM (IST)

Bihar News : बिहार सरकार में परिवहन मंत्री श्रवण कुमार ने शनिवार को बताया कि विभाग ने वाहनों के आकर्षक और पसंदीदा पंजीकरण नंबरों की ई-नीलामी से पिछले दो महीनों में करीब छह करोड़ रुपए का राजस्व अर्जित किया है। 

राज्य परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, एक दिसंबर 2025 से 13 फरवरी 2026 के बीच कुल 4,117 वाहन मालिकों ने ई-नीलामी प्रक्रिया के जरिए अपने पसंदीदा वाहन पंजीकरण नंबर हासिल किए। कुमार ने संवाददाताओं से कहा, इस अवधि में आकर्षक और पसंदीदा वाहन पंजीकरण नंबरों की ई-नीलामी से विभाग को 5.95 करोड़ रुपए प्राप्त हुए। 

फैंसी नंबरों के लिए खर्च कर दिए 2.46 करोड़ 
मंत्री ने कहा, "आकर्षक नंबर के लिए ऑनलाइन बुकिंग प्रणाली लागू की गई है। इच्छुक वाहन मालिक विभाग की वेबसाइट पर निर्धारित अवधि के दौरान पंजीकरण कर बोली लगाते हैं और सर्वाधिक बोली लगाने वाले को नंबर आवंटित किया जाता है।" उन्होंने बताया कि पहली बार महज दो महीनों में ई-नीलामी से लगभग छह करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है। जिलावार आंकड़ों में पटना सबसे आगे रहा। पटना के वाहन मालिकों ने आकर्षक नंबरों पर 2.46 करोड़ रुपये खर्च किए। 

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खगड़िया और शिवहर पीछे 
वहीं खगड़िया और शिवहर जिलों में सबसे कम रुचि देखने को मिली, जहां क्रमश: 93,500 रुपये और 52,000 रुपये प्राप्त हुए। इसके अलावा मुजफ्फरपुर से 52.17 लाख रुपये, गया से 41 लाख रुपये और पूर्णिया से 33.53 लाख रुपये का राजस्व अर्जित हुआ। विभाग के अनुसार, सबसे अधिक मांग वाले पंजीकरण नंबर 0001, 0003, 0005, 0007 और 0009 रहे। इन नंबरों के लिए विशेष शुल्क निर्धारित है, जिन्हें पांच श्रेणियों- ए, बी, सी, डी और ई में विभाजित किया गया है।
 


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Ramanjot

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