''बजट में बिहार का नाम तक नहीं लिया गया'', RJD सांसद बोले- स्वास्थ्य और शिक्षा को पूंजीपतियों के हाथ में....
Sunday, Feb 01, 2026-06:31 PM (IST)
Budget 2026 : राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की ओर से रविवार को पेश केन्द्रीय बजट के मद्देनजर कहा कि स्वास्थ्य और शिक्षा को पूंजीपतियों के हाथ में सौंपने की तैयारी है और सरकार सरकारी विश्वविद्यालयों की जगह निजी विश्वविद्यालय खोलने की बात कर रही है।
"मध्यम वर्ग के बच्चों के सपने महंगे हो जाएंगे"
राजद के सांसद सुधाकर सिंह ने बजट पर अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि इस बजट में सबसे हास्यास्पद और खतरनाक बात तो यह है कि सरकार सरकारी विश्वविद्यालयों की जगह निजी विश्वविद्यालय खोलने की बात कर रही है जिससे शिक्षा अमीरों की बपौती बनेगी, गरीब और मध्यम वर्ग के बच्चों के सपने महंगे हो जाएंगे। उन्होंने इस बजट में बिहार के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाते हुए कहा कि चुनाव खत्म हो चुका है। यह कोई संयोग नहीं है कि इस बजट में बिहार का नाम तक नहीं लिया गया। जब-जब चुनाव आते हैं, बिहार की याद आती है और जैसे ही चुनाव खत्म होते हैं, बिहार को भुला दिया जाता है। पांच लाख की आबादी वाले शहरों की बातें हो रही हैं लेकिन देश की रीढ़ कहे जाने वाले गाँवों के विकास पर एक शब्द नहीं। बिहार के ज्यादातर जिला मुख्यालय पांच लाख से कम आबादी वाले है 7 जिसके चलते बिहार को कोई फायदा नहीं है।
"लोग आज भी ट्रेनों में लटककर यात्रा करने को मजबूर"
सुधाकर सिंह ने कहा कि बिहार के लोग आज भी ट्रेनों में लटककर यात्रा करने को मजबूर हैं। प्लेटफॉर्म पर भीड़, जनरल डिब्बों में जानलेवा हालात यह सब सच्चाई है। इसके बावजूद इस बजट में बिहार के लिए नई ट्रेनों, नए रूट या क्षमता विस्तार का कोई जिक्र नहीं। रेलवे को मुनाफे का साधन बना दिया गया है, सेवा का माध्यम नहीं। उन्होंने कहा कि हर साल कहा जाता है कि कैंसर की दवाइयां सस्ती होंगी लेकिन ज़मीन पर सच्चाई यह है कि इलाज आज भी आम आदमी की पहुंच से बाहर है। बजट में फिर वही पुराने वादे दोहराए गए, लेकिन ठोस रोडमैप कहीं नहीं दिखा। बिहार में कोई कैंसर सुपरस्पेसिलिटी हॉस्पिटल नहीं होने से ईलाज के लिए मुंबई जाना होता है।

