जमीन विवाद में अब दरोगा साहब नहीं देगें दखल, तोड़ा नियम तो होगा एक्शन ; 1 फरवरी से नए नियम लागू
Friday, Jan 30, 2026-09:27 AM (IST)
Bihar News : बिहार के उपमुख्यमंत्री और राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि भूमि विवाद के नाम पर अब न तो थानों की मनमानी चलेगी और न ही पुलिस हस्तक्षेप की आड़ में किसी को डराया-धमकाया जाएगा। राज्य सरकार ने भूमि विवाद से जुड़े मामलों में पुलिस हस्तक्षेप को लेकर बड़ा और स्पष्ट फैसला लिया है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने भूमि सुधार जन कल्याण संवाद के दौरान प्राप्त परिवादों के विश्लेषण के आधार पर थाना स्तर पर पुलिस प्रशासन की भूमिका को सीमित करते हुए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। यह दिशा-निर्देश एक फरवरी 2026 से पूरे राज्य में प्रभावी हो।
"दखल-कब्जा दिलाना पुलिस का काम नहीं",बोले डिप्टी सीएम
विजय सिन्हा ने बयान कर कहा कि डबल इंजन की सरकार ने साफ और स्पष्ट कर दिया है कि भूमि विवाद राजस्व और न्यायिक प्रक्रिया का विषय है, न कि पुलिस की मनमर्जी का। उन्होंने कहा कि भूमि सुधार जन कल्याण संवाद के दौरान लगातार ऐसे मामले सामने आये जिसमे कानून-व्यवस्था के नाम पर पुलिस ने अनावश्यक हस्तक्षेप किया था। उन्होंने कहा कि इस तरह का हस्तक्षेप किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस का दायित्व केवल शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है, न कि दखल-कब्जा दिलाना या निर्माण कार्य कराना। उन्होंने कहा कि इन दिशा-निर्देशों का अक्षरश: पालन हो। बिना सक्षम प्राधिकार के आदेश के पुलिस की तरफ से यदि किसी स्तर पर कब्जा दिलाने, चहारदीवारी कराने या निर्माण कराने की शिकायत मिली, तो संबंधित पदाधिकारी पर कड़ी कारर्वाई तय है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य जनता को न्याय और सम्मान दिलाना है।
विजय सिन्हा ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सात निश्चय-3 के तहत‘सबका सम्मान, जीवन आसान'केवल नारा नहीं है बल्कि इसे वास्तव में दिखाना है। उन्होंने कहा कि हर भूमि विवाद का समाधान कानून के दायरे में, समयबद्ध और निष्पक्ष तरीके से होगा। जनता को भटकने नहीं दिया जाएगा और दोषी किसी भी स्तर पर बख्शे नहीं जाएंगे।

